मेरी रचना गजल

 




ग़ज़ल


शीर्षक:मेरी रचना


बहुत लम्बी शब है सहर चाहिये

सफ़र में मुझे हमसफ़र चाहिए


भले दोस्ती हो सदा सोच कर

मगर दुश्मनी को जिगर चाहिए


ख़ुदा भी ज़मी पर उतर जाएगा

इबादत में लेकिन असर चाहिए


जिसे तुमने तोड़ा हज़ारो दफ़ा

वही दिल हमें जोड़कर चाहिए


मोहब्बत से दुनिया न महरूम हो

सभी से दुआ उम्र भर चाहिए



बलजीत सिंह बेनाम

103/19 पुरानी कचहरी कॉलोनी

हाँसी 125033

मोबाइल 9996266210

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